आजमगढ़। जिले में साइबर ठगी के बड़े नेटवर्क पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतर्राज्यीय गिरोह पर शिकंजा कसा है। 110 करोड़ रुपये के अंतर्राष्ट्रीय साइबर फ्रॉड से जुड़े इस गैंग के 17 आरोपियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। गिरोह का कनेक्शन चीन और दुबई समेत अन्य देशों से भी सामने आया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 16 मार्च 2026 को यह बड़ी कार्रवाई की गई। जिलाधिकारी द्वारा गैंगचार्ट को मंजूरी मिलने के बाद थाना साइबर क्राइम में उत्तर प्रदेश गिरोह बंद अधिनियम के तहत 17 अभियुक्तों पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार यह गिरोह फर्जी “PM KISAN YOJANA (.APK)” ऐप और इन्वेस्टमेंट स्कीम के नाम पर लोगों को लिंक भेजकर उनके मोबाइल हैक करता था और बैंक खातों से पैसे उड़ा लेता था। 18 नवंबर 2025 को गंभीरपुर थाना क्षेत्र के बिंद्रा बाजार निवासी करन गुप्ता के व्हाट्सएप पर APK लिंक भेजकर उसके खाते से करीब 7.77 लाख रुपये निकाल लिए गए थे।
इस मामले में पहले ही 30 नवंबर और 8 दिसंबर 2025 को कुल 17 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनके पास से 26 मोबाइल फोन, 15 सिम कार्ड, 14 एटीएम कार्ड, 26,500 रुपये नकद, दो कार और भारी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए थे। साथ ही करीब 17.50 लाख रुपये आरोपियों के बैंक खातों में फ्रीज कराए गए।
विवेचना में सामने आया कि गिरोह का संचालन अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हो रहा था और इसके तार चीन, दुबई समेत अन्य देशों के हैंडलरों से जुड़े थे। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात नंबर से भेजी गई APK फाइल या लिंक को डाउनलोड न करें, क्योंकि इससे मोबाइल हैक कर बैंक खाते और निजी जानकारी चोरी की जा सकती है।
