
रिपोर्ट: अरुण यादव
आजमगढ़। जिले के मेंहनगर थाना क्षेत्र के टोडरपुर गांव के पास गुरुवार सुबह प्रताड़ना से तंग विवाहिता प्रीति देवी ने मगई नदी में छलांग लगा दी थी। शुक्रवार की सुबह पुलिस ने उसका शव बरामद किया। घटना स्थल चार थानों की सीमा पर होने से शुरुआती कार्रवाई में पुलिस सीमा विवाद में उलझी रही। इससे आक्रोशित ग्रामीणों ने चिरैयाकोट–तरवां मार्ग जाम कर दिया।
प्रीति देवी 20 वर्ष तरवां थाना क्षेत्र के पकड़ी गांव निवासी गंगा प्रसाद की बेटी थी। कुछ वर्ष पूर्व उसकी मुलाकात जहानागंज थाना क्षेत्र के नेतपुर सोनईचा निवासी सूरज राम से हुई थी। दोनों के प्रेम संबंध के बाद पुलिस की मौजूदगी में पौहारी बाबा मंदिर में शादी कराई गई थी। शादी के बाद से ही दहेज की मांग और दूसरी लड़की से बातचीत को लेकर सूरज, प्रीति को प्रताड़ित करने लगा।
प्रीति की मां रेनू देवी का आरोप है कि सूरज ने उनकी बेटी को पहले भगाया, फिर शादी के बाद लगातार प्रताड़ना देने लगा। मामला पंचायत तक पहुंचा और तीन बार दोनों पक्षों में बैठके हुईं। प्रताड़ना से आजिज आकर प्रीति ने जहानागंज थाने में पति के खिलाफ तहरीर भी दी थी।
गुरुवार सुबह वह घर से निकली और करीब 10 बजे टोडरपुर गांव के पास मगई नदी में कूद गई। ग्रामीणों ने तत्काल तलाश शुरू की, सूचना मिलने पर मायके पक्ष भी पहुंचा। चूंकि घटनास्थल मेंहनगर, जहानागंज, तरवां और चिरैयाकोट थाना क्षेत्र की सीमा पर था, इसलिए पुलिस में खींचतान रही और कार्रवाई देर से शुरू हुई।
दोपहर में आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया। इसके बाद एसडीएम मेंहनगर समेत तीन थानों की पुलिस मौके पर पहुंची और पीएसी ने स्टीमर से तलाश अभियान शुरू किया। गुरुवार को सफलता न मिलने पर शुक्रवार सुबह फिर सर्च ऑपरेशन चलाया तो करीब 100-150 मीटर की दूर नदी में प्रीति का शव बरामद हुआ।
