
रिपोर्ट_____अरुण यादव
आजमगढ़। जिले में पदीय दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही, अनुशासनहीनता और विभागीय गोपनीयता भंग करने के आरोप में आजमगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने थाना अहरौला में तैनात एक उपनिरीक्षक और एक आरक्षी को प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। दोनों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। पुलिस के अनुसार, उपनिरीक्षक कृष्णकान्त यादव और आरक्षी ना0पु0 जितेन्द्र कुमार पर थाना क्षेत्र के अपराधियों/अभियुक्तों से अनधिकृत रूप से दूरभाष और व्हाट्सएप के माध्यम से संपर्क रखने तथा अभियोग और विवेचना से संबंधित गोपनीय सूचनाओं एवं दस्तावेजों का आदान-प्रदान करने के गंभीर आरोप हैं। वहीं आरोप है कि दोनों पुलिसकर्मियों ने अभियुक्तों को अनुचित लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से जांच और अभियोग को प्रभावित करने का प्रयास किया। इसके साथ ही विभागीय गोपनीयता भंग करने और उच्चाधिकारियों के आदेश-निर्देशों की अवहेलना करने के आरोप भी प्रथम दृष्टया सामने आए हैं। वहीं मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी डॉ. अनिल कुमार ने दोनों पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। साथ ही प्रकरण में विभागीय कार्यवाही शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिसकर्मियों को दी गई सख्त चेतावनी
आजमगढ़ पुलिस ने जनपद के सभी पुलिसकर्मियों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे अपने पदीय दायित्वों का निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन करें तथा उच्चाधिकारियों के आदेश एवं निर्देशों का अक्षरशः पालन करें। पुलिस विभाग ने कहा है कि कर्तव्यों के प्रति लापरवाही, अनुशासनहीनता या विभागीय गोपनीयता भंग करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
