रिपोर्ट_______अरुण यादव
आजमगढ़। छात्रसंघ चुनाव बहाल कराने, मनमानी फीस वृद्धि पर रोक लगाने समेत सात सूत्रीय मांगों को लेकर सपा छात्र सभा के सदस्यों ने गुरुवार को विरोध मार्च निकाला। छात्र कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सौंपने जा रहे थे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोक दिया, जिसके बाद छात्रों और पुलिस के बीच करीब आधे घंटे तक नोकझोंक हुई। छात्र कलेक्ट्रेट तक जाने की अनुमति देने की मांग पर अड़े रहे, जबकि पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। पुलिस का कहना था कि सड़क पर प्रदर्शन के कारण यातायात प्रभावित हो रहा है और आम लोगों को परेशानी हो रही है। इसको लेकर दोनों पक्षों में काफी देर तक बहस होती रही। नाराज छात्रों ने पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। स्थिति को देखते हुए मौके पर कई थानों की पुलिस तैनात रही। बाद में एडीएम वित्त एवं राजस्व गंभीर सिंह मौके पर पहुंचे और छात्रों को समझाकर शांत कराया। इसके बाद छात्रों को ज्ञापन सौंपने की अनुमति दी गई। छात्रों ने जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सौंपा और फिर वापस लौट गए।
सात सूत्रीय मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन
ज्ञापन में प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में छात्रसंघ चुनाव तत्काल बहाल कराने की मांग प्रमुख रूप से उठाई गई। छात्रों ने मनमानी फीस वृद्धि पर रोक लगाने के साथ पूर्व में बढ़ाई गई फीस की समीक्षा कर विद्यार्थियों को राहत देने की मांग की।
इसके अलावा जौहर यूनिवर्सिटी के विरुद्ध की जा रही कार्रवाई बंद करने और महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू) से संबद्ध महाविद्यालयों में प्रशासन की मनमानी पर रोक लगाने की मांग की गई। छात्रों ने विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने तथा फीस, छात्रवृत्ति और शिक्षा से जुड़ी शिकायतों की समयबद्ध सुनवाई की व्यवस्था लागू करने की भी मांग की।
ज्ञापन में इंजी. अभिषेक यादव, प्रदीप यादव, हुरेर शेख, शिव गोविंदान विवेक माधव, सबनम खातून सहित अन्य छात्रों के नाम शामिल रहे।

