आजमगढ़। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय, आजमगढ़ में शुक्रवार को डॉ0 अंजनी कुमार मिश्र ने कुलसचिव पद का कार्यभार ग्रहण किया। वे पूर्वाह्न लगभग 12 बजे विश्वविद्यालय पहुंचे और विधिवत अपना दायित्व संभाला। डॉ0 मिश्र पूर्व में डॉ0 राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय, अयोध्या में भी इसी पद पर कार्य कर चुके हैं।
पूर्व कुलसचिव विशेश्वर प्रसाद का कार्यकाल 31 जुलाई 2025 को समाप्त हो गया था। इसके बाद शासन द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए डॉ0 मिश्र की नियुक्ति कर विश्वविद्यालय की प्रशासनिक गति को बनाए रखा गया। शासन और राजभवन द्वारा विश्वविद्यालय को शीर्ष प्राथमिकता देने का यह उदाहरण है कि एक दिन के लिए भी कुलसचिव का पद रिक्त नहीं रहने दिया गया।
मीडिया प्रभारी डॉ0 प्रवेश कुमार सिंह के अनुसार, डॉ0 मिश्र ने कुलपति प्रोफेसर संजीव कुमार से भेंट कर अपना परिचय और कार्य योजना प्रस्तुत की। कुलपति ने उन्हें शुभकामनाएं दीं। कुलसचिव ने विश्वविद्यालय की प्रगति के लिए सभी से सहयोग मांगा।
डॉ0 मिश्र मूल रूप से बहराइच के निवासी हैं। उन्होंने गोंडा में प्रारंभिक शिक्षा तथा मद्रास विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा प्राप्त की। 24 वर्षों तक सेना में सेवा कर वे कर्नल पद से सेवानिवृत्त हुए। 2019 से अब तक वे आगरा, कानपुर, लखनऊ, एनसीटीई नई दिल्ली तथा अवध विश्वविद्यालय में कुलसचिव पद पर कार्यरत रहे।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय नया है और उनकी शीर्ष प्राथमिकता राज्यपाल, शासन व नई शिक्षा नीति 2020 की मंशा के अनुरूप विश्वविद्यालय व महाविद्यालयों को नई ऊँचाई प्रदान करना है।
बधाई देने वालों में डॉ0 विजय राय, केश लाल, डॉ0 महेश श्रीवास्तव, प्रो0 अजीत राय, प्रो0 वंदना पांडे, प्रो0 अभिमन्यु यादव सहित अनेक प्राध्यापक एवं कर्मचारी शामिल रहे।
