रिपोर्ट: अरुण यादव

आज़मगढ़।  बेटे को मुम्बई में दुष्कर्म के मामले में फसा हुआ बताकर साइबर ठगो ने पिता से 48 हज़ार की ठगी की घटना को अंजाम दिया।  रौनापार थाने की पुलिस ने एक वर्ष बाद पीड़ित का 41 हजार रुपए वापस कराया।

थाना रौनापार क्षेत्र के ग्राम रैचन्दपट्टी निवासी रामनवल सिंह के साथ पिछले वर्ष 12 अगस्त 2024 को साइबर ठगी की घटना हुई। उन्हें एक अज्ञात नंबर से फोन आया, जिसमें कॉल करने वाले ने कहा कि उनका बेटा मुंबई में दुष्कर्म के मामले में फंस गया है। उसे बचाने के लिए 50 हजार रुपये तुरंत भेजने होंगे। घबराए रामनवल सिंह ने कॉलर की बातों में आकर दिए गए मोबाइल नंबर पर 48 हजार रुपये भेज दिए।

कुछ देर बाद कॉलर ने और पैसे की मांग की, जिससे उन्हें शक हुआ। उन्होंने बेटे से बात की तो पता चला कि यह सब झूठ था और वे साइबर फ्रॉड का शिकार हो चुके हैं। तुरंत ही उन्होंने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई, जिसकी संख्या 331082xxxxxx है।

शिकायत मिलने पर थाना रौनापार की साइबर टीम ने तेजी से कार्रवाई की। जांच में पता चला कि भेजी गई रकम में से 40,495 रुपये HDFC बैंक और 505 रुपये UCO बैंक में होल्ड कराए गए। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद कुल 41,000 रुपये वापस रामनवल सिंह के खाते में जमा कराए गए। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात कॉल या संदेश पर जल्दबाजी में पैसे न भेजें और किसी भी संदिग्ध कॉल की तुरंत शिकायत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर करें।