आजमगढ़। जिले के बूढ़नपुर तहसील में मंगलवार को अहरौला क्षेत्र के गहजी गांव निवासी किसान प्रमोद चौबे अपनी पुस्तैनी जमीन को कब्जामुक्त कराने की मांग को लेकर आमरण अनशन पर बैठ गए। सुबह करीब 10 बजे से तहसील परिसर में बैठे किसान ने अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया और कहा कि समस्या को लेकर बार-बार गुहार लगाने के बावजूद समाधान नहीं हुआ।

जानकारी के अनुसार, किसान प्रमोद चौबे सुबह दस बजे से शाम तीन बजे तक तहसील परिसर में धरने पर बैठे रहे, लेकिन कोई अधिकारी मिलने नहीं आया। उनका कहना था कि अपनी पुस्तैनी जमीन बचाने के लिए वे मजबूर होकर अनशन का सहारा ले रहे हैं। इसी बीच किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष त्रिलोकी नाथ भी समर्थन में पहुंचे और अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि तहसील प्रशासन बेलगाम हो गया है और जनता की समस्याओं को अनसुना कर रहा है।

बताया जाता है कि  शाम लगभग चार बजे उपजिलाधिकारी नंदिनी शाह अनशन स्थल पर पहुंचीं और किसान की बात सुनी। उन्होंने पीड़ित को भरोसा दिया कि मामले का शीघ्र समाधान किया जाएगा। उपजिलाधिकारी ने बताया कि गहजी गांव चेकबंदी में है। इस संबंध में राजस्व विभाग के लेखपाल व चेकबंदी लेखपाल की संयुक्त टीम गठित कर मौके का मुआयना कर रिपोर्ट सौंपी जाएगी, जिसके बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।