आज़मगढ़। जिले के सरायमीर में हुई हैरान कर देने वाली घटना ने लोगों को चौंका दिया! डॉ. भीमराव आंबेडकर की मूर्ति की अंगुली टूटने का दावा सामने आया, लेकिन पुलिस की गहन जांच ने एक बड़ा सच उजागर किया। पता चला कि यह मामला झूठा था और खुद वही लोग मूर्ति को क्षतिग्रस्त कर दूसरों को फंसाना चाहते थे। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया और पूरे प्रकरण का पर्दाफाश किया।


थाना सरायमीर क्षेत्र में शुक्रवार को कटघर जलाल निवासी सर्वेश गौतम ने पुलिस को शिकायत दर्ज कराई कि संदीप चौहान ने गांव में स्थापित डॉ. भीमराव आंबेडकर की मूर्ति की अंगुली तोड़ दी है। उनके साथ वीरू गौतम और उमेश गौतम भी शामिल थे।

पुलिस ने तुरंत घटना स्थल का दौरा किया और वीडियो फुटेज, गवाहों व अन्य साक्ष्यों की जांच की। जांच में यह साफ हुआ कि मूर्ति की क्षति स्वयं प्रथम पक्ष (सर्वेश गौतम और उनके साथी) द्वारा की गई थी, ताकि वे दूसरे पक्ष को फंसाकर राजनीतिक या सामाजिक माहौल खराब कर सकें।

झूठी सूचना देने वाले के खिलाफ थाना सरायमीर में मुकदमा दर्ज किया गया और पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

वहीं आजमगढ़ पुलिस ने आमजन से अपील की है कि धार्मिक, सामाजिक या संवेदनशील मामलों में केवल सत्य और तथ्य पर आधारित सूचना दें। किसी भी तरह की मनगढ़ंत कहानी या झूठी सूचना देने वाले लोगों के खिलाफ कठोरतम कानूनी कार्रवाई की जाएगी।