आजमगढ़। जिले तरवा थानां क्षेत्र में  जमीनी विवाद में एसटी (मुसहर) परिवार के साथ मारपीट व आगजनी के  गंभीर मामले में पुलिस को एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार करने में 11 माह का समय लग गया । यही नही अभी भी इस घटना में कई आरोपी फरार चल रहे है।  इस घटना में पीड़ित परिवार को गंभीर चोटें आईं थी और उनका सारा घरेलू सामान आग में जल गया था।

थाना तरवां क्षेत्र के ग्राम कोदोपुर उचहुआ निवासी कलिंदर पुत्र जगरदेव ने पुलिस को प्रार्थना पत्र दिया था कि 15 मार्च 2025 की रात, वह अपने परिवार के साथ घर पर सो रहे थे। इसी दौरान रामाश्रय यादव पुत्र सुन्नर, विपिन उर्फ साजू पुत्र उदयभान, विनोद पुत्र सत्यनारायण, संजीव पुत्र रामाश्रय और अनिरुद्ध पुत्र रामाश्रय पुराने जमीनी विवाद के चलते उनके घर आए। आरोप है कि उन्होंने लाठी-डंडों से मारपीट की, जिससे पीड़ित परिवार के सदस्य घायल हो गए। इसके बाद आरोपियों ने झोपड़ी में आग लगा दी, जिससे झोपड़ी और उसमें रखा समस्त घरेलू सामान जलकर नष्ट हो गया।
आरोप है कि अभियुक्तों ने जान से मारने की धमकी दी और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग कर परिवार का अपमान किया। इस प्रकरण में थाना तरवां पर मुकदमा  दर्ज किया गया, जिसमें मारपीट, आगजनी और एससी/एसटी एक्ट जैसी धाराओं का उल्लेख है। इतने गंभीर प्रकरण में पुलिस 11 माह में आरोपियों को गिरफ्तार नही कर पाई थी।

पुलिस के मुताबिक लगातार दबिश के बाद बुधवार को थानाध्यक्ष चन्द्रदीप कुमार की अगुवाई में पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर रामाश्रय यादव को उचहुआ बाजार के पास से गिरफ्तार कर लिया। अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई जारी है