आजमगढ़। बसंत पंचमी पर अमृत स्नान को लेकर परिवहन निगम ने एक बार फिर व्यवस्था में जुट गया है। निगम की ओर से शहर के रोडवेज बस स्टेशन से लगभग 1070 बसें प्रयागराज के लिए चलाई जाएंगी। ताकि प्रयागराज जाने वाले यात्रियों को परेशानी न होने पाए। इसके साथ ही अन्य रूटों पर जाने के लिए जहां जितनी बसों की आवश्यकता होगी उसे भी चलाने की तैयारी में विभाग जुटा हुआ है।
बसंत पंचमी की तैयारियां पूरी हो गई हैं। रेलवे व रोडवेज ने श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। ताकि यात्रियों को सफर करने में परेशानी का सामना न करना पड़े। इसमें रोडवेज 1070 बसों का संचालन करेगा, जबकि रेलवे भी एक विशेष ट्रेन से श्रद्धालुओं की राह आसान करेगा। स्पेशल ट्रेन दो फरवरी की रात 10.45 बजे चलने के लिए प्रस्तावित है। शनिवार को बस स्टेशन पर काफी भीड़ देखी गई।
परिवहन निगम के आरएम मनोज कुमार वाजपेयी ने बताया कि आजमगढ़ मंडल की 370 बसें, सहारनपुर मंडल की 370 बसें और मेरठ मंडल की 330 बसें आजमगढ़ से चलाई जाएगी। इसके साथ ही जिले में बनाए गए अन्य अस्थायी बस अड्डों से भी महाकुंभ के लिए बसों का संचालन किया जाएगा। उन्होंने बता कि अन्य रूटों के लिए यदि यात्रियों की मांग बढ़ेगी तो हमारे पास अभी और भी बसें हैं, उन्हें लगाया जाएगा। आरएम ने बताया कि जिन रूट के लिए यात्री अधिक होंगे उस रूट पर तत्काल बसों का संचालन किया जाएगा।
]]>मौनी अमावस्या पर भगदड़ के बाद शासन के निर्देश पर मेला में तैनात किए गए वरिष्ठ आइएएस अधिकारी उप्र पावर कॉर्पोरेशन के चेयरमैन आशीष गोयल की अध्यक्षता में पुलिस एवं प्रशासनिक अफसरों, जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेटों तथा पुलिस अधिकारियों की संयुक्त समन्वय अभ्यास भी हुआ।
विस्तार पूर्वक हुई चर्चा
इसके माध्यम से बीते स्नान पर्वों में ट्रैफिक मूवमेंट, बैरिकेडिंग तथा भीड़ प्रबंधन में आई समस्याओं को चिन्हित कर उनका निराकरण करने पर विस्तार पूर्वक चर्चा की गई। पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को एक साथ बैठा कर अपने सेक्टरों के प्रत्येक मार्गवार यातायात योजना पर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए।
आगामी स्नान पर्वों पर किसी भी तरह का न रहे भ्रम
इस प्लान पर संयुक्त हस्ताक्षर कर उच्चाधिकारियों को देने को कहा गया। इससे आगामी स्नान पर्वों पर किसी भी तरह की भ्रम की स्थिति न रहे। यह भी स्पष्ट रूप से कहा गया कि तिथि के अनुसार वसंत पंचमी का स्नान दो फरवरी से ही प्रारंभ हो जाएगा, इसलिए सभी संबंधित अधिकारी एक फरवरी से ही भारी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की तैयारी कर लें।
पुलिस बल की रहेगी तैनाती
जिन मार्गों में भीड़ अत्यधिक होने की संभावना है अथवा पूर्व स्नान पर्वों में अत्यधिक थी, उनमें आंकलन कर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कराएं। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि शासन की मंशा के अनुरूप सभी प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों तथा कर्मचारियों द्वारा श्रद्धालुओं से सद्व्यवहार करने की अपेक्षा की गई है।
अतः इस पर विशेष ध्यान दें। यदि कोई व्यवस्था बिगाड़ते हुए पकड़ा जाता है तो उसके साथ सख्ती से कार्रवाई भी करें। सभी सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं तैनात पुलिस अधिकारी अपने सेक्टरों में जहां भी साइनेज की संख्या में कमी महसूस करते हैं अथवा उनको और सुव्यवस्थित बनाना चाहते थे उसका आंकलन कर तत्काल लगवा लें।
सभी घाटों पर कराएं स्नान
अधिकारियों ने यह भी कहा कि श्रद्धालुओं को सभी घाटों में स्नान करने के लिए प्रेरित करें, जिससे कि किसी एक घाट पर अत्यधिक दबाव न हो सके। इस संयुक्त अभ्यास से पूर्व मेला क्षेत्र में सैनिटेशन व्यवस्था एवं वहां लगाए गए टॉयलेट्स की साफ सफाई को और बेहतर बनाने से संबंधित बैठक भी की गई थी। आपको बता दें कि बसंत पंचमी पर तीन करोड़ श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगाएंगे।इसमें संबंधित अधिकारियों को सभी स्थानों पर पूर्णतः सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। संयुक्त अभ्यास के दौरान एडीजी जोन भानु भास्कर, मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत, पुलिस आयुक्त तरुण गाबा, आइजी रेंज प्रेम गौतम, राहत आयुक्त भानु गोस्वामी, मेलाधिकारी विजय किरन आनंद, एमडी यूपीएसआरटीसी मासूम अली सर्वर भी उपस्थित रहे।
]]>