अतरौलिया/आज़मगढ़। कैलाशी महिला विकास समिति, आजमगढ़ द्वारा संचालित ध्यानीपुर (लोहरा) स्थित बौद्धिक दिव्यांग आवासीय विद्यालय में बसंत पंचमी का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर विद्यालय परिसर में अखंड कीर्तन पाठ और मां सरस्वती पूजन का विशेष आयोजन किया गया, जिसमें दिव्यांग बच्चों की आस्था और उत्साह देखते ही बनी।विधि-विधान से हुआ पूजन और हवन कार्यक्रम का शुभारंभ पंडित राजेश पांडेय द्वारा विधि-पूर्वक संपन्न कराया गया।
संस्था की संस्थापक कैलाशी देवी, प्रबंधक सुनीता देवी और संचालक योगेंद्र ने मुख्य यजमान के रूप में कीर्तन और मां शारदे की आराधना की। इस दौरान विद्यालय के सभी बौद्धिक दिव्यांग बच्चों ने श्रद्धा भाव से सरस्वती पूजन किया और हवन कुंड में आहुति देकर विद्या व बुद्धि की कामना की।
बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मन,
धार्मिक अनुष्ठान के पश्चात बच्चों के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन विशेष बच्चों ने गीत-संगीत और नृत्य के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। उनके द्वारा प्रस्तुत नाच-गायन ने उपस्थित अतिथियों और अभिभावकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
इस अवसर पर विद्यालय का समस्त स्टाफ और बड़ी संख्या में अभिभावक मौजूद रहे। कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रियंका राय, सुमित, विनीता, दिवाकर, रेनू, नीलम मौर्या, निलेश, प्रवीन गिरी, संगीता सरोज, रंजना और वन्दना का विशेष सहयोग रहा।
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के गुजरने और हवा की दिशा में बदलाव तथा आसमान साफ होने से प्रदेश के पश्चिमी और मध्यवर्ती भागों में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। यह गिरावट अगले 24 घंटों तक जारी रहने की संभावना है।
पूर्वांचल में आगामी 48 घंटे के दौरान तापमान में क्रमिक गिरावट के बावजूद यह सामान्य के आसपास या उससे अधिक रह सकता है। साथ ही, कोहरे में आई कमी के कारण लोगों को ठंड से कुछ राहत मिली रहने की संभावना है।
मौसम विभाग ने बताया कि उत्तरोत्तर दो सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से 22 जनवरी की देर रात पश्चिमी उत्तर प्रदेश से वर्षा का दौर शुरू होगा। यह वर्षा 23 जनवरी को पूर्वी उत्तर प्रदेश (पूर्वांचल) तक व्यापक रूप से फैल सकती है। 24 जनवरी को वर्षा में कमी आएगी और 25 जनवरी को मौसम शुष्क होने की संभावना है।
22 से 24 जनवरी के दौरान न्यूनतम तापमान में 3-5 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होने से प्रदेश में फिलहाल ठंड से मिली राहत जारी रह सकती है। हालांकि, 24 से 26 जनवरी के बीच न्यूनतम तापमान में फिर 2-4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट हो सकती है। इसके बाद 26 जनवरी से अगले पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से शुरू होने वाले नए वर्षा दौर के दौरान तापमान में फिर बढ़ोतरी होने की संभावना है।
वहीं, आगामी एक सप्ताह के दौरान अधिकतम तापमान में मामूली क्रमिक गिरावट के बावजूद यह सामान्य से ऊपर ही बना रहने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने किसानों और आम जनता को आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।
सीएम योगी ने अच्छी व्यवस्था की: स्वामी बालका नंद गिरि
स्वामी बालका नंद गिरि जी ने सीएम योगी की तारीफ की। उन्होंने कहा कि यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और प्रशासन ने बहुत अच्छी व्यवस्था की है।
स्वामी कैलाशानंद गिरि जी ने कहा कि आज बसंत पंचमी के अवसर पर देवी सरस्वती की पूजा की जाती है। आज तीसरा ‘अमृत स्नान’ भी है। आज का दिन बहुत पवित्र है। नागा साधु भी बड़ी संख्या में अमृत स्नान के लिए त्रिवेणी संगम में पहुंचे हैं।
अपर मेलाधिकारी विवेक चतुर्वेदी ने कहा कि आज बसंत पंचमी के अवसर पर ‘अमृत स्नान’ है और महानिर्वाणी अखाड़े और श्री शंभू पंचायती अटल अखाड़े का जुलूस संगम घाट की ओर बढ़ रहा है। सुरक्षा के लिए उचित इंतजाम किए गए हैं।
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रविंद्र पुरी ने कहा कि बसंत पंचमी के अवसर पर आज आखिरी अमृत स्नान है। अमृत स्नान के बाद हम वाराणसी के लिए रवाना होंगे। हमें स्नान के लिए 40 मिनट का समय दिया गया है। मैं सभी श्रद्धालुओं से आग्रह करता हूं कि वे अनावश्यक रूप से संगम घाट पर न आएं। उन्होंने कहा कि कल हमने प्रशासन के साथ बैठक की और उन्होंने बहुत अच्छी व्यवस्था की है।
सूचना निदेशक शिशिर ने बताया कि सुबह 4 बजे तक 16.58 लाख श्रद्धालु पवित्र स्नान कर चुके थे। 13 जनवरी से अब तक डुबकी लगाने वालों की कुल संख्या 34.97 करोड़ हो गई है। इसमें 10 लाख कल्पवासी और 6.58 तीर्थयात्री शामिल हैं। उत्तर प्रदेश सरकार को उम्मीद है कि सोमवार को ही करीब पाँच करोड़ श्रद्धालु आएंगे। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन के उपायों को कड़ा किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को खुद तैयारियों का निरीक्षण किया।
कुंभ मेला अधिकारियों द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, ‘अमृत स्नान’ सुबह 4 बजे संन्यासी संप्रदाय के अखाड़ों के साथ शुरू हुआ। पवित्र जुलूस का नेतृत्व श्री पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी, श्री शंभू पंचायती अटल अखाड़ा, श्री तपोनिधि पंचायती श्री निरंजनी अखाड़ा, श्री पंचायती अखाड़ा आनंद, श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा, श्री पंचदशनाम आवाहन अखाड़ा और श्री पंचाग्नि अखाड़ा ने किया। हर अखाड़े को अमृत स्नान के लिए 40 मिनट का समय दिया गया है।
बैरागी संप्रदाय के अखाड़े सुबह 8:25 बजे अमृत स्नान शुरू करेंगे। जुलूस में अखिल भारतीय श्री पंच निर्वाणी अनी अखाड़ा, अखिल भारतीय श्री पंच दिगंबर अनी अखाड़ा और अखिल भारतीय श्री पंच निर्मोही अनी अखाड़ा शामिल होंगे। सबसे आखिरी में उदासीन संप्रदाय के अखाड़े अमृत स्नान करने जाएंगे। सुबह 11 बजे विभिन्न अखाड़े त्रिवेणी संगम की तरफ कूच करेंगे। अमृत स्नान में श्री पंचायती नया उदासीन अखाड़ा, श्री पंचायती अखाड़ा बड़ा उदासीन निर्वाण और श्री पंचायती निर्मल अखाड़ा शामिल होंगे।
]]>पीछे से सवारियां धक्का मार रही हैं। भाइया, आप आगे नहीं बढ़ोगे तो हम आरक्षित सीट तक भी नहीं पहुंच पाएंगे। यह नजारा है चारबाग रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म नंबर एक पर रविवार शाम 6:15 बजे खड़ी गंगा गोमती एक्सप्रेस का। यह ट्रेन अक्सर प्लेटफॉर्म नंबर आठ से रवाना होती है।
वसंत पंचमी का पर्व दो दिन मनाया जा रहा है। ऐसे में प्रयागराज महाकुंभ में शाही स्नान के लिए बड़ी संख्या में लखनऊ से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। रविवार को प्रयागराज जाने वाली नौचंदी, त्रिवेणी, बरेली प्रयागराज, गंगा गोमती एक्सप्रेस आदि ट्रेनों की स्लीपर से लेकर एसी बोगियों तक में भीड़ रही। हालांकि, प्लेटफॉर्मों पर आरपीएफ व जीआरपी तैनात रही।
सीसीटीवी कैमरों से भी स्टेशन पर नजर रखी गई, ताकि भीड़भाड़ से होने वाली असुविधाओं पर नजर रखी जा सके। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि सोमवार को भी महाकुंभ के लिए यात्रियों की भीड़ रहेगी। दूसरी ओर आलमबाग, कमता, कैसरबाग व चारबाग बस अड्डों पर भी महाकुंभ जाने वाले यात्रियों की भीड़ रही। बसों के जरिए मुसाफिरों को रवाना करने के दौरान अधिकारियों व कर्मचारियों को खासी मशक्कत करनी पड़ी।
महिला व लगेज बोगी में बैठे मिले पुरुष यात्री
ट्रेनों में खचाखच भीड़ होने के कारण गंगा गोमती एक्सप्रेस की महिला बोगी में पुरुष यात्री बैठे मिले। पूछने पर बताया कि भैया, महाकुंभ का पुण्य लूटने जा रहे हैं। लगेज बोगी का भी बैठने के लिए यात्रियों में मारामारी दिखी।
670 बसों ने दी राहत
आलमबाग बस टर्मिनल के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि 670 बसों के जरिए यात्रियों को राहत दी गई। बसों के आने के बाद यात्रियों को बिठाना और बस रवाना करने तक के दौरान कर्मचारी तैनात रहे। इससे असुविधाएं नहीं हुईं।