रिपोर्ट_____राजू कुमार
आजमगढ़। जिले के अतरौलिया थाना क्षेत्र में सार्वजनिक रास्ते पर जलभराव की समस्या दूर करने पहुंची राजस्व और पुलिस टीम के साथ अभद्रता तथा सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने के आरोप में पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है। मिली जानकारी के अनुसार, मुबारकपुर मंडल के भीलमपुर छपरा गांव निवासी सूबेदार यादव ने उपजिलाधिकारी बूढ़नपुर को शिकायती पत्र देकर सार्वजनिक रास्ते पर जलभराव और अतिक्रमण की शिकायत की थी। शिकायत के निस्तारण के लिए बुधवार को हल्का लेखपाल मुकेश कुमार राजस्व टीम एवं पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। टीम द्वारा सार्वजनिक रास्ते पर जलभराव समाप्त करने के उद्देश्य से मिट्टी डलवाकर रास्ते को दुरुस्त करने का कार्य कराया जा रहा था।आरोप है कि इसी दौरान गांव के सत्यदेव, दिनेश यादव और संदीप यादव मौके पर पहुंच गए और कार्य को रुकवा दिया। लेखपाल की तहरीर के अनुसार तीनों आरोपियों ने सरकारी कर्मचारियों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया तथा सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न की। तहरीर में यह भी आरोप लगाया गया है कि सत्यदेव हंसुआ लेकर मौके पर पहुंचा और राजस्व टीम को धमकी देने लगा। इतना ही नहीं, उसने आत्मदाह की धमकी देकर प्रशासनिक कार्रवाई पर दबाव बनाने का प्रयास किया। घटना के बाद हल्का लेखपाल मुकेश कुमार ने अतरौलिया थाने में लिखित तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक विश्वजीत पांडेय को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
]]>कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को जनसमस्याओं के त्वरित एवं गुणवत्तायुक्त निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जनसमस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी निस्तारण शासन की प्राथमिकता है।
सम्पूर्ण समाधान दिवस में कुल 65 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से मौके पर 15 प्रकरणों का निस्तारण कर दिया गया। प्राप्त प्रार्थना पत्रों में राजस्व विभाग से संबंधित 30, विकास विभाग के 15 और पुलिस विभाग के 20 मामले शामिल रहे।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि संबंधित अधिकारी प्राप्त सभी प्रार्थना पत्रों का शीघ्र एवं गुणवत्तायुक्त निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि यदि समस्याओं का समाधान प्रारंभिक स्तर पर ही कर दिया जाए तो जनता को मुख्यालय तक नहीं जाना पड़ेगा। इसलिए अधिकारीगण प्राथमिकता के आधार पर जनसमस्याओं का वास्तविक निस्तारण करें।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन, उप जिलाधिकारी बूढ़नपुर नंदिनी शाह, तहसीलदार बूढ़नपुर सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
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