आजमगढ़। पंचायत चुनाव की सरगर्मी के बीच जहानागंज थाना क्षेत्र के ग्राम बोहना में चुनावी रंजिश उस वक्त खुलकर सामने आ गई, जब दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हो गई। मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुल 14 लोगों को गिरफ्तार किया, जिनमें 3 महिलाएं और 12 पुरुष शामिल हैं।
पंचायत चुनाव को लेकर उत्पन्न विवाद में आमने–सामने आए दो पक्षों के बीच हुई मारपीट के मामले में थाना जहानागंज पुलिस ने सख्ती दिखाई है। थाना प्रभारी अतुल कुमार मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित करते हुए दोनों पक्षों के कुल 14 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया।
शानिवार को थाना जहानागंज क्षेत्रान्तर्गत ग्राम बोहना में आगामी पंचायत चुनाव को लेकर दो पक्ष एक-दूसरे को नीचा दिखाने के उद्देश्य से विवाद में उलझ गए। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों पक्ष लाठी–डंडा व रम्मा लेकर एक-दूसरे को ललकारते हुए हाथापाई व मारपीट पर उतर आए। इस दौरान जान से मारने की धमकियां भी दी गईं, जिससे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही थाना जहानागंज पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और बीच-बचाव कर स्थिति को काबू में किया। पुलिस ने शांति व्यवस्था भंग होने की प्रबल आशंका को देखते हुए कुल 14 व्यक्तियों को कारण गिरफ्तारी में लिया।
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में प्रथम पक्ष से राजदीप सरोज पुत्र फिरतू सरोज, बल्लू सरोज पुत्र टिल्ठू सरोज, नेहाल सिंह पुत्र राजेश सिंह, प्रद्युम्न कुमार पुत्र संजय राम, माया देवी पत्नी दीपक सरोज, पूजा सरोज पुत्र मोहन सरोज, सभी निवासी ग्राम बोहना, थाना जहानागंज तथा अंकित शर्मा पुत्र संतोष शर्मा निवासी सेमरौल, थाना जहानागंज शामिल हैं। वहीं द्वितीय पक्ष से राकेश सरोज पुत्र स्व0 किशोरी सरोज, बहादुर सरोज पुत्र स्व0 बल्ली सरोज, राजकुमार पुत्र स्व0 धमड़ी, बाला देवी पत्नी राकेश सरोज, संतोष उर्फ गोलू सरोज पुत्र राजकुमार, घुरवीन सरोज पुत्र स्व0 लक्षन एवं साधू सरोज पुत्र स्व0 लक्षन, सभी निवासी ग्राम बोहना, थाना जहानागंज को गिरफ्तार किया गया है।
आज़मगढ़। जनपद में अपराध की रोकथाम और कानून-व्यवस्था मजबूत करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने शनिवार को रिजर्व पुलिस लाइन्स आजमगढ़ में अपराध गोष्ठी का आयोजन किया। इस अवसर पर समस्त राजपत्रित व अराजपत्रित अधिकारियों को अपराध नियंत्रण, चोरी-नकबजनी रोकथाम, महिला सुरक्षा, वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी और थानों की सुचारू व्यवस्था के लिए विशेष दिशा-निर्देश दिए गए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि अपराधियों के खिलाफ प्रभावी और समयबद्ध कार्रवाई जनपद की प्राथमिकता होगी।
गोष्ठी में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने चोरी व नकबजनी की घटनाओं पर नियंत्रण हेतु पिकेट गस्त बढ़ाने और प्रभावित क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे लगवाने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी गंभीर घटनाओं में राजपत्रित अधिकारियों द्वारा 24 घंटे के भीतर निरीक्षण अनिवार्य करने और संपत्ति की शत-प्रतिशत बरामदगी सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
दो सम्प्रदायों के बीच घटित छोटी घटनाओं का तुरंत संज्ञान लेने, थानों में खड़े वाहनों का निस्तारण और साफ-सफाई नियमित कराने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा न्यायालयों से समन्वय स्थापित कर मुकदमों के निर्णयिक मालों का निस्तारण, IGRS प्रार्थना पत्रों का समयबद्ध निपटान और फरियादियों की समस्याओं का यथाशीघ्र विधिक समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
विशेष बिंदुओं में जनसुनवाई एवं भूमि विवादों का शांतिपूर्ण निस्तारण, महिला सुरक्षा हेतु मिशन शक्ति एवं एंटी-रोमियो टीम की सक्रिय गश्त, वांछित/वारंटी अपराधियों की गिरफ्तारी, गोवध, मादक पदार्थ एवं शराब तस्करी पर नियंत्रण और संदिग्ध वाहन व व्यक्ति की सघन चेकिंग शामिल रहे। साथ ही सीसीटीवी कैमरों की स्थापना एवं निगरानी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने और थानों में मालखानों व शस्त्रों की नियमित सफाई और निरीक्षण पर भी बल दिया गया।
गोष्ठी के अंत में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों को जनपद में शांति और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने, अपराधों की रोकथाम एवं त्वरित अनावरण हेतु सतर्क और दायित्वपूर्ण कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
उक्त गोष्ठी में अपर पुलिस अधीक्षक नगर मुधवन कुमार सिंह, ग्रामीण चिराग जैन, यातायात विवेक त्रिपाठी, समस्त क्षेत्राधिकारीगण, थाना प्रभारी एवं शाखा प्रभारी उपस्थित रहे।
]]>निरीक्षण के दौरान दोनों अधिकारियों ने थाना कार्यालय, मालखाना, कम्प्यूटर कक्ष, हवालात, महिला हेल्प डेस्क, आगन्तुक पंजी, बीट पुस्तिका, अपराध रजिस्टर और GD सहित सभी अभिलेखों की विस्तार से जांच की। अधिकारियों ने निर्देश दिया कि अभिलेखों को अद्यतन रखा जाए और आगन्तुकों के साथ शिष्ट व विनम्र व्यवहार अपनाया जाए।
निरीक्षण के दौरान थाना परिसर की स्वच्छता व अनुशासन व्यवस्था पर विशेष जोर देते हुए पुलिसकर्मियों को वर्दी में सुसज्जित रहने, समयबद्ध ड्यूटी पालन करने और जनसुनवाई में संवेदनशील रवैया अपनाने के निर्देश दिए गए। साथ ही दोनों अधिकारियों ने लंबित प्रकरणों की समीक्षा कर विवेचनाओं के गुणवत्तापूर्ण व समयबद्ध निस्तारण के लिए दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने थाना क्षेत्र में सक्रिय अपराधियों पर कड़ी निगरानी रखने, शांति व्यवस्था बनाए रखने और कानून-व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए भी आवश्यक निर्देश प्रदान किए।
]]>वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ० अनिल कुमार के निर्देशन में न्यायालय से जारी वारंटों की तामील हेतु विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत आजमगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता प्राप्त हुई है।
अभियान के दौरान विभिन्न थाना क्षेत्रों की पुलिस टीमों ने कुल 49 वारण्टियों को गिरफ्तार किया। जिनमें कोतवाली, मुबारकपुर, बिलरियागंज, अतरौलिया, तहबरपुर, सरायमीर, मेंहनाजपुर, तरवां, फूलपुर, दीदारगंज से 1-1, जीयनपुर व पवई, बरदह से 2-2, कंधरापुर व महराजगंज से 3-3, कप्तानगंज व देवगांव से 5-5, रौनापार से 7 और सबसे अधिक जहानगंज से 10 वारण्टी अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया।
यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षकगण, क्षेत्राधिकारियों के पर्यवेक्षण और सभी थाना प्रभारियों के नेतृत्व में की गई। पुलिस ने बताया कि ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे ताकि न्यायालय से जारी वारंटों की शीघ्र तामील सुनिश्चित हो सके और अपराधियों में कानून का भय बना रहे।
]]>गैंग लीडर राजकुमार गौंड पुत्र छांगुर गौंड निवासी रेवरा परवेजपुर, थाना निजामाबाद, के साथ संदीप गौंड पुत्र राम जियावन गौंड निवासी छोटी कोरौली, थाना सरायमीर, और संतोष गौंड पुत्र छोटेलाल गौंड निवासी रेवरा परवेजपुर, थाना निजामाबाद के विरुद्ध यूपी गैंगस्टर एक्ट पंजीकृत किया गया। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर तीनों को सेंटरवा तिराहे के पास से गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार अपराधियों में राजकुमार गौंड निवासी रेवरा परवेजपुर, थाना निजामाबाद
इस अपराधी के खिलाफ हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट और आईटी एक्ट सहित चार मुकदमे दर्ज हैं । संदीप गौंड निवासी छोटी कोरौली, थाना सरायमीर, इस अपराधी के खिलाफ अपहरण, दुष्कर्म, घरेलू हिंसा और आईटी एक्ट सहित चार मुकदमे दर्ज हैं । संतोष गौंड निवासी रेवरा परवेजपुर, थाना निजामाबाद है। इसके के खिलाफ दुष्कर्म और आईटी एक्ट से जुड़े दो मुकदमे दर्ज हैं ।