ATS की पूछताछ में अभियुक्त ने बताया कि उसकी प्रेमिका की शादी जौनपुर के एक व्यक्ति से तय हो गई थी। पहले दोनों पक्षों में पंचायत हुई थी, लेकिन बदले की भावना से उसने पंचायत में शामिल लोगों और प्रेमिका के मंगेतर के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बनाकर धमकी दी। यदि गिरफ्तारी नहीं होती तो अभियुक्त परिवहन निगम को भी धमकी भेजने वाला था।
]]>आज़मगढ़। UP ATS और रानी की सराय थाने की पुलिस ने संयुक्त अभियान में अवैध टेलीफोन एक्सचेंज चलाने वाले युवक को कोटिला गांव से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार युवके अवैध टेलीफोन एक्सचेंज के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय VOIP काल को लोकल काल मे परिवर्तित कर धोखाधड़ी का काम करता था।
एटीएसवाराणसी की टीम द्वारा थाना क्षेत्र रानी की सराय में कोटिला गॉव के पास सिम बाक्स चलाये जाने की सूचना प्राप्त हुयी थी सिम बाक्स एक अवैध टेलीफोन एक्सचेन्ज की तरह संचालित किया जाता है, जिसके द्वारा अंतर्राष्ट्रीय वीओआईपी (VOIP) कॉल को लोकल वाइस कॉल (Voice Call) मे परिवर्तित कर सरकार को राजस्व की हानि पहुँचायी जा रही है, जिससे भारत सरकार को बडे पैमाने पर राजस्व की हानि हो रही है । वीओआईपी (VOIP) कॉल करने वाले व्यक्ति की पहचान छुपी रहती है तथा कॉल करने वाले व्यक्ति को ट्रेस करना कठिन हो जाता है । आज दिनांक 22.04.2025 को समय 11.50 बजे कोटिला गांव से अभियुक्त हस्सान अहमद पुत्र अबुल कैश निवासी कोटिला थाना रानी की सराय जनपद आजमगढ़ के घर से अवैध टेलीफोन एक्सचेन्ज चार सिम बॉक्स मय सहवार्ती उपकरण 04 सिम बाक्स, 03 मॉडम मय चार्जर, 04 इथर नेट केबल, 02 लैपटाप मय चार्जर, 04 कीपैड मोबाइल फोन, 02 एड्रायड मोबाइल फोन, 269 मोबाइल सिम कार्ड, बरामद के बरामद हुआ ।
पूछताछ मे अभियुक्त हस्सान अहमद पुत्र अबुल कैश द्वारा बताया गया कि वह वर्ष 2017 मे बम्बई मे रहने के दौरान शहजाद नाम के एक व्यक्ति से मिला उसके कहने पर वर्ष-2023 के सितम्बर महीने में उसके द्वारा डीटीडीसी कोरियर से भेजे गये सिम बॉक्स व सिम को उसके द्वारा IMO पर बताने के अनुसार मैने सिम बॉक्स चलाना शुरू किया अलग- अलग समय पर और सिम बॉक्स व सिम भेजता गया और मै उसके बताने के अनुसार मै चार सिम बॉक्स चला रहा था जिसका मुझे समय समय पर उसके द्वारा अलग-अलग खातों से पैस यूपीआई के माध्यम से मुझ पैसा भेजा जाता था तथा सिम बॉक्स संचालित करने के लिए शहजाद द्वारा मुझे सिम बॉक्स की आई पी भेजी जाती थी उसने मुझे एक आई डी व पासवर्ड दिया था सिम बॉक्स के माध्यम से फोन करने वाले व्यक्ति के बारे में किसी भी तरीके से पता नही किया जा सकता है कि काल किसने किया है, इस बात की जानकारी हमें थी और हम यह जानते थे की इसी बात के लिए हमें एक्सट्रा पैसे मिलते है ।
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लखनऊ। उत्तर प्रदेश आतंकवाद निरोधक दस्ता (UP ATS) ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जानकारी दी है कि रविंद्र कुमार नामक व्यक्ति को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के हैंडलर को गोपनीय और संवेदनशील जानकारी साझा करने के आरोप में हिरासत में लिया गया है। फिलहाल, उससे पूछताछ जारी है। प्रेस विज्ञप्ति में रविंद्र कुमार की तस्वीर भी जारी की गई है।
यूपी एटीएस के एडीजी नीलाब्जा चौधरी ने बताया कि एटीएस और अन्य एजेंसियों को सूचना मिली थी कि रविंद्र कुमार संवेदनशील और गोपनीय जानकारी पाकिस्तानी ISI के एक हैंडलर को भेज रहा है।
इस इनपुट पर कार्रवाई करते हुए एटीएस की आगरा यूनिट ने प्रारंभिक पूछताछ की और फिर उसे लखनऊ स्थित मुख्यालय बुलाया गया, जहां गहन पूछताछ में यह साबित हुआ कि उसने ISI के “नेहा” नामक हैंडलर को कई महत्वपूर्ण सूचनाएं साझा की थीं।
आर्मी फैक्ट्री से लीक हो रही थी जानकारी
एडीजी ने बताया कि एटीएस जांच में सामने आया कि यह ISI मॉड्यूल काफी समय से सक्रिय है, जो लोगों को जाल में फंसाकर उनसे संवेदनशील जानकारी हासिल करता है। पूछताछ में यह भी पता चला कि रविंद्र कुमार अपने पाकिस्तानी हैंडलर को आयुध निर्माणी (Ordnance Factory) से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां भेज चुका था।
ADG नीलाभजा चौधरी ने कहा कि ऐसे मामलों से राष्ट्रीय सुरक्षा को गंभीर खतरा है। उन्होंने सभी महत्वपूर्ण संस्थानों से अपील की कि वे अपनी सुरक्षा प्रक्रियाओं (SOPs) को अपडेट करें और संवेदनशील प्रतिष्ठानों में कार्यरत कर्मचारियों की नियमित सुरक्षा जांच करें, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। ATS इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और अन्य संदिग्ध लोगों की भी तलाश जारी है।
]]>रिपोर्ट: अरुण यादव
आज़मगढ़। उत्तर प्रदेश एंटी टेरर स्क्वॉयड (ATS) ने आज़मगढ़ मंडल के शहरों में एक साथ छापेमारी कर हड़कंप मचा दिया। बताया जा रहा है कि छापेमारी अयोध्या में राम मंदिर पर हमले की साजिश रच रहे संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों की पूछताछ के बाद यूपी एटीएस छापेमारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक अब तक 5 संदिग्धों को एटीएस ने उठाया है । जिनसे पूछताछ की जा रही। एटीएस की हिरासत में लिए गए लोगों के संबंध पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी से होना बताया जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक यूपी एटीएस ने बीती रात आज़मगढ़ मंडल के आज़मगढ़ जिले में कई ठिकानों पर छापेमारी की । इसके बाद टीम ने तड़के मऊ व बलिया जिले में छापेमारी की। सूत्रों के मुताबिक बलिया जिले के सुखपुरा थाना और अन्य थानों में छापेमारी की । जहाँ से तीन युवकों को एटीएस ने हिरासत में लिया है। दोंनो जिलों से हिरासत में लिए गए सभी पांच संदिग्धों से एटीएस पूछताछ कर रही है। हालांकि एटीएस के छापेमारी या हिरासत में लिए गए संदिग्धों के बारे स्थानीय प्रशासन कुछ बताने की स्थिति में नहीं है।
सूत्रों के मुताबिक, पूर्वांचल के कई युवा पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के संपर्क में थे। ऐसे में यूपी एटीएस लगातार इन युवाओं की तलाश कर रही थी। जिसके चलते यह छापेमार कार्रवाई की गई और कई संदिग्धों को पकड़ा गया। सूत्रों का कहना है कि पूछताछ में यूपी एटीएस को कई अहम सुराग मिले हैं।
राममंदिर पर हमले की साजिश रचने वाले की गिरफ्तारी के बाद ATS का ऐक्शन
बताते चलें कि गुजरात और हरियाणा पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में रविवार को फरीदाबाद के पाली गांव से गिरफ्तार किया गया आतंकी अब्दुल रहमान अबु बकर अयोध्या में राम मंदिर पर हमले की साजिश रच रहा था।
वह लंबे समय से पाकिस्तान के आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट खुरासान प्रोविंस (आईएसकेपी) मॉड्यूल से जुड़ा था। आतंकी प्रशिक्षण के बाद वह फरीदाबाद से हथियार लेकर उत्तर प्रदेश के अयोध्या लौटने ही वाला था कि पुलिस ने उसे धर दबोचा। जिसके बाद से सुरक्षा एजेंसियां उससे पूछताछ करने के साथ छापेमारी में जुटी है।
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