
समाजसेवी विवेक पांडेय ने अपने परिवार के सदस्य आशीष, नीरज, निखिल, सौरभ और परिवार के नन्हे सदस्यों अथर्व मिश्रा, अनंत मिश्रा, आरुष पांडे, आरव मिश्रा, समर्थ मिश्रा, नमः मिश्रा और आरना मिश्रा के साथ मिलकर इस कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अवसर पर मिठाइयाँ, सुंदरकांड की पुस्तकें और अन्य आवश्यक सामग्री जरूरतमंदों में वितरित की गई।

विवेक पांडेय ने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में यह संदेश देना था कि समाज सेवा ही सबसे बड़ी सेवा है। त्योहार की असली खुशी तभी है, जब किसी और के चेहरे पर मुस्कान लाई जाए। उन्होंने कहा कि बच्चों को भी यह सिखाने का प्रयास किया गया कि केवल अपने लिए नहीं, बल्कि समाज के लिए भी कुछ करना चाहिए।
कार्यक्रम में स्थानीय लोगों ने भी भाग लेकर इसे और भी यादगार बनाया। सभी उपस्थित लोगों ने इस पहल की सराहना की और समाज सेवा की इस भावना को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
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