वाराणसी। महाकुंभ के पलट प्रवाह की भीड़ से गंगा घाटों और आसपास की गलियों में सफाई के सारे इंतजाम ध्वस्त हो गए हैं। गंगा घाटों पर गंदगी का अंबार लगा है। शौचालय से लेकर चेंजिंग रूम काफी गंदे हैं। कई घाटों पर यूरिनल और शौच के कारण बदबू है। पुराने अस्सी घाट, गंगा महल, रीवा घाट पर चेंजिंग रूम हैं लेकिन कई में दरवाजे नहीं हैं। घाटों पर शौचालय की व्यवस्था नहीं है। सिर्फ अस्सी घाट पर सामुदायिक शौचालय है। जहां यात्रियों का काफी दबाव है। पानी खत्म होने पर इसे बंद कर दिया जाता है। रामघाट पर लोग खुले में शौच कर रहे हैं। भीड़ के चलते सफाईकर्मी भी असहाय हो गए हैं। झाड़ू लगाने की जगह नहीं मिल रही है। भीड़ को देखते हुए नगर निगम ने हैंड पिकिंग का रास्ता निकाला है। सफाई के लिए रात का इंतजार किया जा रहा है।

अहिल्याबाई घाट पर कूड़े का गट्ठर
शीतला घाट पर गंदगी पसरी पड़ी है। अहिल्याबाई घाट और अस्सी घाट पर कूड़े का गट्ठर बनाकर रखा गया है। यही हाल अन्य घाटों का है। मुख्य घाटों के अलावा अन्य घाटों और गलियों में गंदगी की भरमार है। जिसे शाम तक नहीं हटाया गया।

दशाश्वमेघ, अस्सी घाट पर गंगा में तैर रहे निर्माल्य
दशाश्वमेध घाट पर स्नान के बाद लोग माला फूल गंगा में डाल रहे हैं। इसी तरह अस्सी घाट के पास, रीवा घाट और केदार घाट के पास भी लोगों ने स्नान के बाद फूल माला गंगा में छोड़ दिया। कुछ घाटों पर खाने के पैकेट और कपड़े व अन्य गंदगी पड़ी थी।

गंगा महल सहित कई घाटों पर बने चेजिंग रूम के गेट गायब

गंगा महल घाट, ब्रह्मा घाट व कई अन्य घाटों पर बने चेंजिंग रूम के गेट गायब हैं। कुछ गेट टूटे पड़े हैं। ब्रह्मा घाट पर बने चेंजिंग रूम का गेट गायब था। भीड़ के चलते गायघाट पर बने चेंजिंग रूम के बाहर लोग कपड़े बदलते नजर आए।