
रिपोर्ट_____अरुण यादव
आजमगढ़। श्रावण मास और आगामी रक्षाबंधन पर्व को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने मिलावटी एवं अस्वच्छ खाद्य पदार्थों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तर प्रदेश तथा जिलाधिकारी आजमगढ़ के निर्देश पर गठित सचल दलों ने विभिन्न क्षेत्रों में छापेमारी कर खाद्य पदार्थों के आठ नमूने लिए।
रामपुर मुसेपुर स्थित एक मिठाई विनिर्माण इकाई में जांच के दौरान डोडा बर्फी, मिल्क केक, सूजी और एक अपमिश्रक के नमूने लिए गए। वहीं अस्वच्छ परिस्थितियों में तैयार की गई करीब 250 किलोग्राम मिठाइयां, जिनकी अनुमानित कीमत 62,500 रुपये थी, जब्त कर नष्ट करा दी गईं।
इसके अलावा बूढ़नपुर स्थित दो मिठाई प्रतिष्ठानों से छेना मिठाई और कालाजाम के नमूने लिए गए। गंभीरपुर से रिफाइंड सोयाबीन ऑयल तथा सगड़ी क्षेत्र से दूध का नमूना संग्रहित किया गया। सभी नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
स्कूलों में भी चलाया जागरूकता अभियान
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने खाद्य सचल प्रयोगशाला के माध्यम से इंग्लिश मीडियम प्राइमरी स्कूल कंधरापुर, कंपोजिट विद्यालय गोरिया बिलरियागंज और प्राथमिक विद्यालय अमोड़ा में खाद्य सुरक्षा एवं मिलावट के प्रति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान विद्यार्थियों और रसोइयों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता तथा मिलावट से बचाव के संबंध में जानकारी दी गई।
सहायक आयुक्त (खाद्य)-II आजमगढ़ सुशील कुमार मिश्र ने बताया कि श्रावण मास और रक्षाबंधन पर्व के मद्देनजर छापेमारी और नमूना संग्रह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। उन्होंने खाद्य कारोबारकर्ताओं को निर्देशित किया कि खाद्य पदार्थों का भंडारण और विक्रय खुले अथवा अस्वच्छ स्थानों पर न करें और खाद्य सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन करें। अभियान में खाद्य सुरक्षा अधिकारी रजनीश कुमार, सुचित प्रसाद, शीत कुमार सिंह, लालमणि यादव, गोविन्द यादव, बिरेन्द्र यादव, राजीव कुमार सिंह और बेबी सोनम शामिल रहे।
