आज़मगढ़। उचित दर विक्रेता शुक्रवार को खाद्यान्न, चीनी लाभांश बढ़ाने और मिनिमम इनकम गारंटी की मांग को लेकर डीएम कार्यालय की ओर जुलूस में जा रहे थे। तभी रास्ते में एसपी डॉ. अनिल कुमार गुजरे। उन्होंने गाड़ी से उतरकर कोटेदारों को अनुशासन का पाठ पढ़ाया और कहा कि यह सड़क किसी के बाप की नहीं, जनसाधारण की है। सड़क जाम और प्रदर्शन करना अपराध है, इसके लिए मुकदमा दर्ज हो सकता है।
एसपी ने कोटेदारों को स्पष्ट किया कि अगर प्रदर्शन या ज्ञापन देना ही है तो सड़क को जाम किए बिना करें। उन्होंने कहा कि हो सकता है इस सड़क से कोई बच्चा स्कूल जा रहा हो या कोई अस्पताल/बाजार जा रहा हो, उसे परेशानी न हो। उन्होंने यहां तक कहा कि अगर उनके परिवार या पिता भी हों तो भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कोटेदारों ने आश्वासन दिया और डीएम कार्यालय जाकर ज्ञापन सौंपा। जिला अध्यक्ष विजय कुमार राय ने कहा कि उत्तर प्रदेश के कोटेदार शासन के निर्देशों के अनुसार राशन वितरण करते हैं। कोरोना काल में भी प्रधानमंत्री अन्न योजना और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत निःशुल्क वितरण किया। कोटेदार ने अपने व परिवार के जीवन की परवाह न करते हुए ई-पास मशीन से ईमानदारी से वितरण किया, जिसकी सराहना पूरे भारत में हुई।
संगठन की मांग है कि कोटेदारों को अन्य प्रदेशों की भांति लाभांश और मिनिमम इनकम गारंटी दी जाए, अन्यथा 28 जनवरी 2026 से अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन और विधानसभा घेराव किया जाएगा। इस मौके पर दिनेश सिंह, अशोक सिंह, महेंद्र यादव, दीपक पांडे, वीरेंद्र यादव, चंद्रशेखर यादव, सीताराम मौर्य, आशीष राय, सौरभ राय और दीनानाथ सहित कई अन्य कोटेदार उपस्थित रहे।
