रिपोर्ट____sp त्रिपाठी

आजमगढ़। मैं पिछले दिनों देख रहा था। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की पुत्री के खिलाफ़ कुछ लोगों ने गलत टिप्पणियां की थी। जैसे मेरे संज्ञान में आया। पुलिस से मैंने कहा इसमें दर्ज कराओ, बेटी के खिलाफ़ कोई भी अपमानजनक टिप्पणी स्वीकार्य नहीं होनी चाहिए। बेटी बेटी होती है और हम तो संस्कार में हैं। उक्त बातें सीएम योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को विश्व विद्यालय परिसर में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कही। उन्होंने कहा कि कहा जाता है कि गांव की बेटी सबकी बेटी, गांव की बहन सबकी बहन है। हमने तो कोई भेदभाव नहीं किया लेकिन अखिलेश जी दूसरों को उपदेश देते हो, अपने चेले चपेटों को भी थोड़ा उपदेश दे दो की अपनी भाषा को संयम कर लें। दूसरों के प्रति टिप्पणी करने के पहले स्वयं भी सोचा करो कि आपके लोग इस प्रकार की भाषा का प्रयोग बाहर और बेटियों के प्रति बुजुर्गों के प्रति। दिवंगत लोगों के प्रति और वरीष्ठ नेताओं के प्रति करते हैं। इसके बारे में उनको भी संस्कारित करने की आवश्यकता है। अच्छा होगा उनको समझाओ और नहीं समझ सकते तो हमारे हवाले कर दो। हम उनको अच्छी तरह समझा देंगे।है। आज बेटी की शिक्षा और बेटी के शादी विवाह की स्कीम भी हमारे पास है। 2017 और 2014 के पहले क्यों नहीं हुआ? क्यों नहीं बना एक्सप्रेस वे 2017 के पहले क्यों नहीं बन पाया? ये विश्वविद्यालय भी पहले क्यों नहीं बन पाया? नर्सिंग कॉलेज क्यों नहीं बन पाया? कारण था करने की इच्छा शक्ति नहीं थी। युवाओं को नौकरी क्यों नहीं मिल पाई? कनेक्टिविटी इतनी अच्छी क्यों नहीं आ पाई थी? गोरखपुर जाने के लिए आसपास का व्यक्ति यहाँ से चलता है तो 1 घंटे में गोरखपुर, मात्र डेढ़ से 1.75 घंटे में वाराणसी पहुंचता है, ढ़ाई घंटे में लखनऊ पहुंचता है। हमने गति बढ़ाने का काम, हर गरीब को सिर ढकने के लिए छत, हर गरीब के घर में शौचालय, हर बेटी की सुरक्षा की व्यवस्था, हर व्यापारी को भी सुरक्षा की व्यवस्था हमने किया है।

हम बिना भेदभाव के सुरक्षा देंगे। बिना भेदभाव के शासन की योजना से भी जोड़ेंगे। लेकिन अगर किसी ने गरीब की जमीन को हड़पने का काम किया, बेटी की सुरक्षा में सेंध लगाया और किसी व्यापारी के साथ भी जबरन करने का काम किया तो फिर हम उसकी गारंटी नहीं ले पाएंगे।