रिपोर्ट_____अरुण यादव

आजमगढ़। जिले के इटौरा चंडेश्वर स्थित प्रो. बजरंग त्रिपाठी सैनिक स्कूल में शुक्रवार को प्रथम शैक्षणिक सत्र का विधिवत शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर संस्थान के प्रेरणास्रोत एवं प्रख्यात शिक्षाविद स्वर्गीय प्रो. बजरंग त्रिपाठी की प्रथम पुण्यतिथि पर उनकी आदमकद प्रतिमा का अनावरण भी किया गया। शिक्षा, प्रशासन, समाज और राजनीति से जुड़े गणमान्य लोगों की मौजूदगी में आयोजित समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मंडलायुक्त विवेक ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच प्रतिमा का अनावरण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि प्रो. बजरंग त्रिपाठी को पूर्वांचल का “महामना” कहना अतिशयोक्ति नहीं होगी। उनकी दूरदर्शी सोच और शिक्षा के प्रति समर्पण का ही परिणाम है कि पूर्वांचल को पीपीपी मॉडल पर स्थापित पहला सैनिक स्कूल मिला है।

मंडलायुक्त ने कहा कि सैनिक स्कूल केवल शिक्षा देने वाला संस्थान नहीं, बल्कि अनुशासन, राष्ट्रभक्ति, नेतृत्व क्षमता और सेवा भावना का संस्कार देने वाला केंद्र होता है। यहां से निकलने वाले विद्यार्थी भविष्य में देश की रक्षा और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पीपीपी मॉडल पर संचालित सैनिक स्कूलों की संख्या सीमित है और आजमगढ़ का यह संस्थान पूरे पूर्वांचल के लिए एक बड़ी शैक्षणिक उपलब्धि है।

समारोह को संबोधित करते हुए महाराजा सुहेलदेव राज्य विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव कुमार ने विद्यालय परिवार और ऑल इंडिया चिल्ड्रेन केयर एजुकेशनल एंड डेवलपमेंट सोसाइटी के चेयरमैन डॉ. कृष्ण मोहन त्रिपाठी को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह संस्थान आने वाले वर्षों में राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित मेधावी विद्यार्थियों का निर्माण करेगा। उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश देते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता, बल्कि निरंतर परिश्रम, अनुशासन और समर्पण ही सफलता की कुंजी है।

समारोह में विद्यालय की आधुनिक शैक्षणिक सुविधाओं, अनुशासित वातावरण और भविष्य की योजनाओं की भी जानकारी दी गई। बड़ी संख्या में अभिभावकों, विद्यार्थियों और स्थानीय नागरिकों ने कार्यक्रम में भाग लिया तथा विद्यालय की पहल की सराहना की।

कार्यक्रम के अंत में संस्थान के चेयरमैन डॉ. कृष्ण मोहन त्रिपाठी ने सभी अतिथियों और उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ अनुशासन, संस्कार, राष्ट्रभक्ति और सेवा भावना से परिपूर्ण बनाना है। उन्होंने सभी के सहयोग से विद्यालय को पूर्वांचल के अग्रणी शिक्षण संस्थानों में शामिल करने का संकल्प दोहराया।

इस अवसर पर संयुक्त विकास आयुक्त राम बाबू त्रिपाठी, सदर विधायक दुर्गा प्रसाद यादव, भाजपा नेता अखिलेश मिश्रा ‘गुड्डू’, रविंद्र नाथ त्रिपाठी, वेदांत त्रिपाठी, राजेंद्र प्रसाद यादव, शिव गोविंद सिंह, रमाकांत मिश्रा, आद्या प्रसाद सिंह सहित जिले के अनेक शिक्षाविद, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और विभिन्न शिक्षण संस्थानों के प्रबंधक उपस्थित रहे। सभी वक्ताओं ने स्वर्गीय प्रो. बजरंग त्रिपाठी के शिक्षा क्षेत्र में योगदान को याद करते हुए उन्हें पूर्वांचल की शैक्षणिक चेतना का प्रेरणास्रोत बताया।