
रिपोर्ट_______अरुण यादव
आजमगढ़। बाल श्रम उन्मूलन अभियान के तहत गुरुवार को मुबारकपुर कस्बे में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग (एएचटी) थाना और श्रम विभाग की संयुक्त टीम ने विभिन्न प्रतिष्ठानों पर सघन जांच अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान मिठाई की दुकानों और रेस्टोरेंटों में 08 बाल श्रमिक कार्य करते मिले। इसके बाद संबंधित प्रतिष्ठानों के संचालकों को श्रम विभाग ने नोटिस जारी किया, जबकि बच्चों के परिजनों को भविष्य में बाल श्रम न कराने की चेतावनी देकर जागरूक किया गया।
यह अभियान निदेशक, मुख्यालय महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देश पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक (यातायात)/नोडल अधिकारी एएचटी के पर्यवेक्षण में चलाया गया।
संयुक्त टीम ने मुबारकपुर कस्बे और बाजार क्षेत्र के विभिन्न प्रतिष्ठानों की जांच की। जांच के दौरान मिले बाल श्रमिकों के परिजनों को मौके पर बुलाया गया और बच्चों से मजदूरी न कराने के लिए समझाइश दी गई। वहीं, संबंधित सेवायोजकों के खिलाफ श्रम विभाग ने नियमानुसार नोटिस जारी करते हुए भविष्य में नियमों का पालन करने के निर्देश दिए। वहीं अभियान के दौरान टीम ने दुकानदारों और आमजन को बाल श्रम के दुष्परिणामों से अवगत कराया। मिठाई की दुकानों, रेस्टोरेंट, ढाबों, बेकरी, ऑटोमोबाइल दुकानों और गैराज सहित सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता पोस्टर भी लगाए गए। साथ ही लोगों को 108, 112, 1090, 1930, 1098, 1076 और 181 सहित विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देकर किसी भी प्रकार के बाल श्रम या बाल शोषण की सूचना तत्काल देने की अपील की गई। अभियान में प्रभारी निरीक्षक अभयराज मिश्र (थाना एएचटी), श्रम प्रवर्तन अधिकारी नजरे आलम, रोहित प्रताप, मुख्य आरक्षी रामजनम यादव तथा महिला आरक्षी पूनम द्विवेदी शामिल रहे।
