
रिपोर्ट_____अरुण यादव
आजमगढ़। जनपद के निजामाबाद तहसील क्षेत्र के निवासी एवं विधान परिषद सदस्य विजय बहादुर पाठक ने बुधवार को विधान परिषद में नियम-111 के तहत आजमगढ़ में बने ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) का संचालन शीघ्र शुरू कराने का मुद्दा जोरदार ढंग से उठाया। उन्होंने सरकार से मांग की कि निर्माण कार्य पूरा होने के बावजूद तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से लंबित पड़े एटीएस को तत्काल चालू कराया जाए, ताकि वाहन स्वामियों को राहत मिल सके।
विधान परिषद में अपने संबोधन के दौरान एमएलसी विजय बहादुर पाठक ने कहा कि एक जुलाई से व्यावसायिक वाहनों के लिए मैनुअल फिटनेस प्रमाणपत्र की व्यवस्था समाप्त कर दी गई है। इसके बाद आजमगढ़ के वाहन मालिकों और परिवहन कारोबारियों को फिटनेस प्रमाणपत्र बनवाने के लिए जौनपुर समेत अन्य जनपदों का रुख करना पड़ रहा है। इससे उन्हें अतिरिक्त समय और आर्थिक बोझ का सामना करना पड़ रहा है, वहीं परिवहन व्यवसाय भी प्रभावित हो रहा है।
उन्होंने सदन को बताया कि आजमगढ़ में ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन का निर्माण कार्य पहले ही पूरा हो चुका है, लेकिन तकनीकी एवं प्रशासनिक औपचारिकताओं के चलते इसका संचालन अब तक शुरू नहीं हो सका है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि जिन जनपदों में एटीएस पूरी तरह तैयार हैं, वहां प्राथमिकता के आधार पर संचालन शुरू कराया जाए।
एमएलसी ने यह भी मांग की कि जब तक सभी एटीएस पूरी तरह संचालित नहीं हो जाते, तब तक व्यावसायिक वाहन स्वामियों की सुविधा के लिए वैकल्पिक फिटनेस परीक्षण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि उन्हें दूसरे जिलों के चक्कर न लगाने पड़ें।
विजय बहादुर पाठक द्वारा सदन में यह मुद्दा उठाए जाने के बाद आजमगढ़ के परिवहन व्यवसायियों और वाहन स्वामियों को उम्मीद है कि सरकार जल्द ही एटीएस संचालन को लेकर आवश्यक निर्णय लेगी, जिससे जिले के हजारों वाहन मालिकों को बड़ी राहत मिल सकेगी।
