आजमगढ़। जिले में टीबी उन्मूलन अभियान को लेकर एएनएम ट्रेनिंग सेंटर के सभागार में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी समेत कई वरिष्ठ चिकित्सकों ने भाग लिया और ग्रामीण चिकित्सकों को टीबी से बचाव व इलाज की जानकारी दी।
बुधवार को एएनएम ट्रेनिंग सेंटर आजमगढ़ में आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. वाई प्रसाद, उप जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बी. पी. सिंह तथा वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. बी. के. पटेल (SMO PGI Azamgarh) द्वारा सरस्वती प्रतिमा पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलन के साथ की गई।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा ने टीबी रोग के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने वर्ष 2027 तक देश को टीबी मुक्त बनाने का संकल्प लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिया गया नारा “टीबी हारेगा–देश जीतेगा” तभी सफल होगा जब सभी मिलकर धरातल पर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि ईंट-भट्टों, मजदूर कॉलोनियों और ग्रामीण क्षेत्रों पर विशेष फोकस कर प्रभावित मरीजों को चिन्हित किया जाए, ताकि कोई भी टीबी रोगी इलाज से वंचित न रह जाए।
उप जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बी. पी. सिंह ने ग्रामीण चिकित्सकों से अपील करते हुए कहा कि टीबी के खिलाफ इसे जन आंदोलन का रूप देना होगा, तभी 2027 तक टीबी मुक्त भारत का सपना साकार होगा।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. वाई प्रसाद ने बताया कि सरकार टीबी उन्मूलन को लेकर पूरी तरह गंभीर है। यदि किसी व्यक्ति को आसपास टीबी मरीज की जानकारी हो तो उसे जिला अस्पताल या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजकर जांच कराई जाए, जिससे समय रहते इलाज संभव हो सके। उन्होंने ग्रामीण स्तर पर प्रचार-प्रसार तेज करने की अपील की।
वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. बी. के. पटेल (SMO PGI Azamgarh) ने बताया कि जिले के सभी सरकारी जांच केंद्रों पर टीबी की जांच व इलाज पूरी तरह निशुल्क किया जाता है। मरीज का 6 से 9 माह का कोर्स होता है और बलगम की जांच के बाद दो दिनों के भीतर इलाज शुरू कर दिया जाता है। उन्होंने कहा कि टीबी मरीज को लेकर आने वाले ग्रामीण चिकित्सकों को भी प्रोत्साहित किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. बी. के. पटेल ने जिलाधिकारी रविंद्र कुमार को युवा उद्यमी रोजगार योजना में जनपद को दूसरा स्थान दिलाने पर बधाई दी और यूपी दिवस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा सम्मानित किए जाने को आजमगढ़ के लिए गर्व की बात बताया। साथ ही तमसा नदी की सफाई अभियान की भी सराहना की गई।
कार्यक्रम के अंत में प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान में सहयोग देने वाले चिकित्सकों को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में सैकड़ों ग्रामीण चिकित्सक मौजूद रहे।
