
रिपोर्ट______अरुण यादव
आजमगढ़। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार ने शुक्रवार को अटल आवासीय विद्यालय गंभीरवन का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने कक्षाओं में पहुंचकर छात्र-छात्राओं से सीधे संवाद किया और उनकी पढ़ाई, रुचियों तथा भविष्य के लक्ष्यों की जानकारी ली। बच्चों से आत्मीय बातचीत के दौरान जिलाधिकारी शिक्षक की भूमिका में नजर आए।
जिलाधिकारी ने विभिन्न कक्षाओं में पहुंचकर बच्चों से पूछा कि उन्हें कौन-कौन से विषय पसंद हैं और पढ़ाई के दौरान उन्हें किन समस्याओं का सामना करना पड़ता है। उन्होंने बच्चों से यह भी जाना कि वे भविष्य में क्या बनना चाहते हैं। डीएम ने छात्र-छात्राओं को मन लगाकर पढ़ाई करने और अपनी रुचि के क्षेत्र में लगातार मेहनत करते हुए निर्धारित लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए केवल पढ़ाई ही नहीं, बल्कि उनकी प्रतिभा और रुचियों को बढ़ावा देना भी जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों से विद्यालय में उपलब्ध शैक्षणिक एवं अन्य सुविधाओं का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया।
संगीत कक्षा में देखी बच्चों की प्रतिभा
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी संगीत कक्षा में भी पहुंचे। उन्होंने संगीत में रुचि रखने वाले बच्चों से बातचीत की और उनसे विभिन्न वाद्य यंत्र बजवाकर उनकी प्रतिभा को देखा। बच्चों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए डीएम ने उन्हें नियमित अभ्यास करने के लिए प्रेरित किया और उनका उत्साहवर्धन किया।
बच्चों से लिया भोजन की गुणवत्ता का फीडबैक
जिलाधिकारी ने विद्यालय में छात्र-छात्राओं को उपलब्ध कराए जा रहे भोजन की गुणवत्ता की भी जानकारी ली। उन्होंने बच्चों से सीधे संवाद कर भोजन के मेन्यू, गुणवत्ता और नियमितता के संबंध में फीडबैक लिया। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि विद्यार्थियों को निर्धारित मेन्यू के अनुसार गुणवत्तापूर्ण और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाए तथा भोजन की गुणवत्ता की नियमित निगरानी की जाए।
अग्नि सुरक्षा और साफ-सफाई पर विशेष जोर
निरीक्षण के दौरान डीएम ने विद्यालय परिसर में लगाए गए अग्निरोधी उपकरणों का भी जायजा लिया। उन्होंने सभी अग्निशमन उपकरणों की नियमित जांच कर उनकी कार्यशीलता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उपकरणों को निर्धारित स्थान पर व्यवस्थित रखने और विद्यार्थियों व स्टाफ को जरूरत पड़ने पर इनके संचालन की जानकारी देने को कहा।
जिलाधिकारी ने विद्यालय परिसर, कक्षाओं और अन्य स्थानों पर साफ-सफाई की व्यवस्था भी देखी। उन्होंने नियमित सफाई, स्वच्छ वातावरण और आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बच्चों की शिक्षा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
डीएम रविन्द्र कुमार ने विद्यालय प्रबंधन को निर्देशित किया कि छात्र-छात्राओं की शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा, भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अध्ययनरत बच्चों को बेहतर और सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना सभी संबंधित अधिकारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
निरीक्षण के दौरान उप श्रमायुक्त राजीव सिंह, सहायक श्रमायुक्त पवन कुमार, विद्यालय प्रबंधन सहित संबंधित अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
