
रिपोर्ट_______अरुण यादव
आजमगढ़। परिषदीय विद्यालयों में बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश और विद्यालय व स्टाफ से संबंधित फोटो-वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने को लेकर 31 जुलाई को जारी आदेश को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने निरस्त कर दिया है। बीएसए राजीव पाठक ने 20 अगस्त 2026 को आदेश जारी करते हुए पूर्व आदेश को तत्काल प्रभाव से निरस्त करने की जानकारी दी है।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि कुछ बाहरी अनाधिकृत व्यक्तियों और यू-ट्यूबरों द्वारा परिषदीय विद्यालयों में प्रवेश कर विद्यालय एवं स्टाफ के फोटो-वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जा रहे थे। इससे विद्यालयों में पठन-पाठन प्रभावित होने के साथ शिक्षक पद की गरिमा को ठेस पहुंचने की स्थिति उत्पन्न हो रही थी।
इसी को देखते हुए कार्यालय द्वारा 31 जुलाई 2026 को पत्रांक 8508-15/2026-27 के माध्यम से परिषदीय विद्यालयों में बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश तथा फोटो-वीडियोग्राफी आदि के संबंध में आवश्यक निर्देश जारी किए गए थे।
पुनः समीक्षा के बाद लिया गया निर्णय
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने बताया कि उक्त आदेश की पुनः समीक्षा के बाद अब उसे निरस्त किया जाना उचित पाया गया है। इसी क्रम में 31 जुलाई को जारी आदेश को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि निरस्तीकरण आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावी होगा। इसकी सूचना महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक, जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, शिक्षा निदेशक बेसिक समेत संबंधित अधिकारियों को भेजी गई है।
साथ ही सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को अपने-अपने शिक्षा क्षेत्र के परिषदीय विद्यालयों में इस निरस्तीकरण आदेश का अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं। विद्यालयों के प्रधानाध्यापक, प्रभारी प्रधानाध्यापक और शिक्षकों को भी आदेश की जानकारी देकर अनुपालन सुनिश्चित कराने को कहा गया है।
फैसले से विद्यालयों में लागू पूर्व प्रतिबंध समाप्त
नए आदेश के बाद 31 जुलाई को बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश और फोटो-वीडियोग्राफी को लेकर जारी किया गया निर्देश प्रभावी नहीं रहेगा। बेसिक शिक्षा विभाग ने आदेश की प्रति संबंधित अधिकारियों और विद्यालयों को भेजते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
