
रिपोर्ट______अरुण यादव
आजमगढ़। जिले में पुलिस विभाग में अनुशासन और पदीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने बड़ी कार्रवाई की है। थाना रानी की सराय के प्रभारी निरीक्षक समेत तीन पुलिसकर्मियों और थाना निजामाबाद के एक आरक्षी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। सभी के विरुद्ध विभागीय जांच के आदेश भी दिए गए हैं।
निलंबित पुलिसकर्मियों में थाना रानी की सराय के प्रभारी निरीक्षक विमल प्रकाश राय, उप निरीक्षक गिरीश तिवारी, उप निरीक्षक हैदर अली मंसूरी तथा थाना निजामाबाद के आरक्षी वैभव पटेल शामिल हैं।
जमानत के बाद आरोपी का नहीं किया गया सत्यापन
पुलिस के अनुसार थाना निजामाबाद में दर्ज मु0अ0सं0 06/2026, धारा 123 और 351(2) बीएनएस से संबंधित मामले में शिकायत के निस्तारण और अभियुक्त के संबंध में अपेक्षित पुलिस कार्रवाई एवं सत्यापन में लापरवाही सामने आई।
बताया गया कि अभियुक्त के जमानत पर रिहा होने के बाद उसके संबंध में आवश्यक सत्यापन कर इसकी सूचना यक्ष ऐप पर अपलोड किया जाना अपेक्षित था। आरोप है कि संबंधित पुलिसकर्मियों द्वारा समय से यह कार्रवाई नहीं की गई।
इसके बाद जमानत पर बाहर आए अभियुक्त द्वारा शिकायतकर्ता को धमकी दिए जाने और फर्जी आईडी बनाकर फोटो व वीडियो वायरल किए जाने की शिकायत सामने आई। प्रकरण की समीक्षा के दौरान पुलिस अधिकारियों ने पाया कि अभियुक्त के संबंध में अपेक्षित सूचना एवं सत्यापन की कार्रवाई समय से नहीं की गई थी।
एसएसपी ने समीक्षा के बाद की कार्रवाई
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार ने संबंधित पुलिस अधिकारियों और कर्मचारी की भूमिका की समीक्षा की। पुलिस के अनुसार प्रथम दृष्टया पदीय दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही, उदासीनता, स्वेच्छाचारिता एवं अकर्मण्यता पाए जाने पर चारों पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
साथ ही पूरे मामले की विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं, ताकि संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका और जिम्मेदारी की विस्तृत जांच की जा सके।
एसएसपी की सख्त चेतावनी
एसएसपी डॉ. अनिल कुमार ने जनपद के सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने पदीय दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, ईमानदारी, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने विशेष रूप से अभियुक्तों के सत्यापन, जमानत के बाद उनकी निगरानी तथा संबंधित अभिलेखों और ऐप पर आवश्यक सूचनाओं को समयबद्ध तरीके से दर्ज करने में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने को कहा है।
एसएसपी ने स्पष्ट किया कि पुलिस विभाग में अनुशासन और उत्तरदायित्व से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। कर्तव्य के प्रति लापरवाही, उदासीनता, स्वेच्छाचारिता, अनुशासनहीनता या अकर्मण्यता पाए जाने पर संबंधित पुलिस अधिकारी अथवा कर्मचारी के विरुद्ध नियमानुसार कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
