
रिपोर्ट_______SP त्रिपाठी
आजमगढ़। कार्यालय वित्त एवं लेखाधिकारी, बेसिक शिक्षा, आजमगढ़ की ओर से वरिष्ठ लेखाकार महेंद्र पाल सिंह के सेवानिवृत्त होने पर जिला पंचायत स्थित नेहरू हॉल में भव्य विदाई एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में शिक्षा एवं वित्त विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों एवं शिक्षकों ने बड़ी संख्या में उपस्थित होकर उनके दीर्घ, निष्कलंक और समर्पित सेवाकाल की सराहना करते हुए भावभीनी विदाई दी। समारोह के मुख्य अतिथि संभागीय लेखाधिकारी (खाद्य) गुलशन उवर ने कहा कि महेंद्र पाल सिंह ने पूरे सेवाकाल में ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और अनुशासन के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन किया। उन्होंने कहा कि ऐसे समर्पित अधिकारी किसी भी विभाग की अमूल्य धरोहर होते हैं और उनका अनुभव नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा। विशिष्ट अतिथि वित्तीय परामर्शदाता, जिला पंचायत रिजवान अहमद ने कहा कि महेंद्र पाल सिंह का सरल व्यक्तित्व, सहयोगी स्वभाव और कार्य के प्रति समर्पण सदैव स्मरणीय रहेगा। उन्होंने विभागीय जिम्मेदारियों का पूरी पारदर्शिता और निष्ठा के साथ निर्वहन किया, जिसे विभाग हमेशा सम्मान के साथ याद रखेगा।
कार्यक्रम की आयोजक एवं वित्त एवं लेखाधिकारी (बेसिक) संध्या अग्रहरि ने कहा कि महेंद्र पाल सिंह ने अपनी कार्यकुशलता, ईमानदारी और सकारात्मक कार्यशैली से विभाग में विशिष्ट पहचान बनाई। उनका योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा और विभाग उनके स्वस्थ, सुखमय एवं मंगलमय जीवन की कामना करता है।
सम्मान से अभिभूत महेंद्र पाल सिंह ने कहा कि विभाग में बिताए गए वर्षों की अनेक सुखद स्मृतियां हमेशा उनके साथ रहेंगी। उन्होंने अधिकारियों, सहकर्मियों और कर्मचारियों से मिले स्नेह, सहयोग एवं सम्मान के लिए सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भविष्य में भी वह समाज एवं विभाग के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते रहेंगे।
समारोह के दौरान महेंद्र पाल सिंह को अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। उपस्थित सभी लोगों ने उनके उत्कृष्ट सेवाकाल की सराहना करते हुए स्वस्थ, सुखद एवं दीर्घायु जीवन की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम का संचालन देवाशीष श्रीवास्तव ने किया।
इस अवसर पर रमेश, राजीव श्रीवास्तव, राणा प्रताप सिंह, जगदीश सिंह, अशोक मिश्र, शिवकुमार राय, ब्रजेश मौर्य, एहतेशाम, नीरज, राजेश्वर, श्रीकांत, पंकज, रूदल, महेंद्र, विजय शंकर विश्वकर्मा, राहुल, शिक्षक नेता सुरेन्द्र प्रताप सिंह, जितेन्द्र कुमार राय, राजेन्द्र यादव, अवधराज सिंह, रविन्द्र यादव सहित शिक्षा एवं वित्त विभाग के अधिकारी, कर्मचारी, शिक्षक एवं शिक्षक संगठनों के पदाधिकारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
